-
बस पर आतंकियों ने की फायरिंग, अनियंत्रित होकर बस गिरी खाई
में
-
प्रधानमंत्री मोदी, व अमित शाह ने जताया दुख, कहां बक्शे नहीं
आयेंगे आतंकी
श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर के
रियासी जिले में रविवार की शाम आतंकियों श्रद्धालुओं से भरी बस पर हमला कर दिया।
इस हमले में दस लोगों की जान गयी है वहीं 33 लोग घायल बताये जा रहे हैं। आतंकवादियों ने तीर्थयात्रियों को
ले जा रही बस पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी, जिससे बस खाई में गिर गई। इस इस
घटना में तीन महिलाओं समेत दस लोगों की मौत हो गई और 33 अन्य घायल हुए हैं।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार इस दौरान बस के ड्राइवर ने बड़ा साहस
दिखाते हुए बस को वहां से तेजी से भगाता रहा। हालांकि इस बीच उसे भी गोली लग गई और
वह बस से कंट्रोल खो बैठा और वह खाई में जा गिरी। उनकी इस साहस की वजह से ही इस
हमले में कई लोगों की जान बच गई और वे केवल घायल हुए।
NIA को सौंपी गई जांच
इन
आतंकियों से श्रद्धालुओं के ख़ून के एक-एक कतरे का हिसाब लेने के लिए सुरक्षाबल ने
जमीन आसमान एक कर दिया है। सूत्रों का कहना है कि सेना की वर्दी में आए नकाबपोश
आतंकियों ने रियासी में श्रद्धालुओं से भरी बस पर हमला किया था और फिर पास के जंग
में जा छिपे। इस आतंकियों को ढूंढ निकालने के लिए ड्रोन से सर्च ऑपरेशन चलाया जा
रहा है। फ़ॉरेंसिक टीम भी जंगल में छानबीन कर रही है। सुरक्षा एजेंसी के लिए इस
बियाबान जंगल में आतंकियों को खोजने काफी ज्यादा मुश्किल बना हुआ है। इसलिए यहां
छोटे और बड़े ड्रोन की खास तौर पर मदद ली जा रही है। उधर सूत्रों ने बताया कि NIA इस आतंकी हमले की जांच करेगी।
ख़बर है कि NIA के एसपी
स्तर के अधिकारी की एक टीम रवाना हो भी गई है। NIA की फोरेंसिक टीम भी स्पॉट पर जा
रही है।
पीएम मोदी की हालात पर नजर
प्रधानमंत्री
नरेंद्र मोदी ने तीर्थयात्रियों की बस पर हुए इस आतंकवादी हमले के बाद हालात का
जायजा लिया। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि प्रधानमंत्री ने उन्हें स्थिति पर
लगातार नजर रखने और प्रभावित परिवारों को हर संभव मदद सुनिश्चित करने का निर्देश
दिया है। मनोज सिन्हा ने ‘एक्स’ पर कहा, ‘माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
ने स्थिति का जायजा लिया और मुझे स्थिति पर लगातार नजर रखने तथा परिवारों को हर
संभव सहायता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।’
उपराज्यपाल सिन्हा ने कहा कि सुरक्षा बलों ने आतंकवादियों की
तलाश के लिए एक संयुक्त अभियान शुरू किया है और हमले के पीछे जो लोग हैं उन्हें
बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा, ‘मैं रियासी में बस पर हुए कायरतापूर्ण आतंकी हमले की कड़ी
निंदा करता हूं। इस हमले में जान गंवाने वाले नागरिकों के परिजनों के प्रति
संवेदना जताता हूं। हमारे सुरक्षा बल और जम्मू कश्मीर पुलिस ने आतंकवादियों की
तलाश के लिए एक संयुक्त अभियान शुरू किया है।’
बख्शे नहीं जाएंगी आतंकी
केंद्रीय
मंत्री अमित शाह ने कहा है कि इस कायराना आतंकवादी हमले में शामिल लोगों को बख्शा
नहीं जाएगा। रविवार को दूसरी बार केंद्रीय मंत्री के रूप में शपथ लेने के तुरंत
बाद शाह ने कहा कि उन्होंने जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और पुलिस
महानिदेशक आर.आर. स्वैन से बात कर हालात की जानकारी ली.
अमित शाह ने ‘एक्स’ पर एक
पोस्ट में कहा, ‘जम्मू
कश्मीर के रियासी में तीर्थयात्रियों पर हुए हमले की घटना से बहुत दुखी हूं। जम्मू
कश्मीर के उपराज्यपाल और डीजीपी से बात की और घटना के बारे में जानकारी ली। इस
कायराना हमले के दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।’
अमित शाह ने कहा कि स्थानीय प्रशासन तत्काल चिकित्सा सुविधा
उपलब्ध कराने के लिए युद्ध स्तर पर काम कर रहा है. उन्होंने कहा, ‘ईश्वर मृतकों के परिजनों को यह
दुख सहने की शक्ति प्रदान करें. मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की भी कामना करता
हूं.’
पीड़ितों के हेल्पलाइन जारी
रियासी की
सीनियर एसपी मोहिता शर्मा ने बताया, ‘शुरुआती रिपोर्ट के अनुसार, आतंकवादियों ने घात लगाकर शिव
खोड़ी से कटरा के लिए रवाना हुई बस पर गोलीबारी की. ड्राइवर ने बस से कंट्रोल खो
दिया और बस खाई में गिर गई.’ शर्मा ने बताया कि बचाव अभियान पूरा हो गया है और अब तक नौ
लोगों की मौत हो गई है तथा 33 अन्य घायल हुए हैं. उन्होंने बताया कि घायलों को अलग-अलग
अस्पतालों में भर्ती कराया गया है.
इस आतंकी हमले में जान गंवाने वालों में बस का ड्राइवर भी
शामिल है. इस हमले का निशाना बने सभी तीर्थयात्री दिल्ली और उत्तर प्रदेश के रहने
वाले हैं. पीड़ितों के लिए प्रशासन की तरफ़ से हेल्पलाइन नंबर 01991-245639,
01991-245076, 0191-2542000 जारी किए गए हैं.